गाय माता(Cow) के बारे में अनसुने Facts in Hindi

cow-in-hinduबचपन से ही हमें स्कूल में सिखाया जाता है कि गाय हमारी माता है। जब बच्चा छोटा होता है तब गाय का दूध ही उसके लिए सबसे पोषक तत्व होता है। गाय इंसान को जीवन भर पालती है। लेकिन गाय माता के बारे में आज कुछ ऐसी बातें हम आपको बताने जा रहे हैं जिनसे आप शायद अनजान हैं। आइये इन बिन्दुओं पर थोड़ा प्रकाश डालते हैं-

हिन्दू धर्म में गाय को भगवान माना जाता है। गाय के शरीर में 36 करोड़ भगवान का वास है।

जैसे मनुष्य में गर्भावस्था का समय 9 महीने होता है ठीक वैसे ही गाय का गर्भावस्था समय भी 9 महीने का ही होता है।

गाय अपने मुँह से केवल एक ही तरह की आवाज निकाल सकती है जिसे रम्भाना कहते हैं।

सामान्य गाय की उम्र करीब 20 वर्ष तक होती है।

दुनियां की पहली गाय जिसने हवाई जहाज में सफर किया वो थी – “Elm Farm Ollie”, हवाई जहाज में इस गाय ने दूध भी दिया।

एक पालतू गाय करीब 4 घंटे प्रतिदिन सोती है।

गाय एक दिन में एक बाथ टब में भरे पानी के बराबर पानी पीती है।

गाय सीढ़ियों पर आसानी से चढ़ सकती है लेकिन सीढ़ियों से वापस उल्टा उतर नहीं सकती क्यूंकि उसके पैर सही से उल्टे नहीं मुड़ते।

दुनियां भर में गाय की करीब 800 प्रजातियां पाई जाती हैं।

गाय को मनुष्य की माँ भी कहा जाता है क्यूंकि हम लोग गाय का दूध पीकर ही बड़े होते हैं।

1856 में गेल बोर्डेन ने दूध का पाश्चरीकरण करने की मशीन बनायीं जिससे दूध से पानी को अलग किया जा सकता था।

डेयरी उद्योग इतना ज्यादा विकसित हो गया है कि अब एक गाय 10 गायों के बराबर दूध प्रदान करती है।

गाय जब अपने पहले बछड़े को जन्म देती है तो उसकी औसतन उम्र 2 साल होती है।

एक गाय खाना खाकर 8 घंटे तक जुगाली कर सकती है।

गाय के शरीर का तापमान करीब 101.5°F(101.5 डिग्री फारेनहाइट) होता है।

गाय एक जगह खड़े रहकर भी चारों ओर 360° में देख सकती है।

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2 Comments

  1. “गाय ”
    ——–
    विश्व में गाय पाई जाती ,
    दूध मलाई इससे आती |
    सौर्य ऊर्जा डिल में रखती ,
    सींग पिरामिड – रक्षा होती |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी ||

    औ लेती -देती आक्सीजन ,
    तुलसी माँ गौ माता मेरी |
    पंच गव्य रोगों का नाशक ,
    गाय ही पर्यावरण की रक्षक |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी ||

    वैज्ञानिक शोध में आया ,
    सकारात्मक ऊर्जा पाया |
    घी से इसके हवन हैं करते ,
    वातावरण शुद्ध है होता |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी ||

    ऋग्वेद – यजुर्वेद बताता,
    ‘संपत्ति घर का’ अथर्ववेद कहता |
    ‘मंगल ‘ सुखमंगल सही बताता ,
    वेब दुनिया में छपे है पाता |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी ||

    गौ वैतरणी पार कराती ,
    गरुण पुराण ने है भाषित ”
    मक्खन पेट रोग भगाता ,
    मट्ठा गौ का कैलोरी बढ़ाता |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी ||

    बुद्धिमान दूध घी बनाता ,
    दुनिया दर्पण में दिखलाता |
    नींद ना लगे जब भी भाई ,
    दही और छाछ लें जाई |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी ||

    बढ़ी तोंद को छाछ घटता ,
    पेट रोग को दूर भगाता |
    अब भी चेतो भारतवंशी ,
    लो पर्यावरण बचा रघुवंशी |
    कह ! गाय है हमारी प्यारी ,
    जाग जगत ! माँ सबसे न्यारी |

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